सिवनी जिले का इतिहास जनगणना पर्यटन एवं अन्य महत्वपूर्ण जानकारी ,म.प्र./छ.ग. सिविल सर्विसेज परीक्षा एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षा हेतु उपयोगी srd gk news ,seoni jile ka itihaas

सिवनी जिले का इतिहास जनगणना पर्यटन एवं अन्य महत्वपूर्ण जानकारी

हमारी पोस्ट में जो जिला श्रंखला चल रही है तो उसमे आज का एक नया जिला सिवनी है आज हम सिवनी जिले के बारे में complete information जानेंगे। हम जानेंगे सिवनी जिले का इतिहास , सिवनी जिले की भौगोलिक स्थिति , सिवनी जिले की जनगणना ,सिवनी जिले की वर्तमान प्रशासन व्यवस्था , सिवनी जिले में प्राकृतिक संसाधन , सिवनी जिले के पर्यटन स्थल एवं अन्य महत्वपूर्ण जानकारी आइये जानते है। लेकिन कुछ जानने से पहले में हमेशा आपसे प्रश्न करता हू।

क्या आप जानते है ?

  • प्रसिद्ध कोहिनूर हीरा शाहजहाँ को किसने भेट किया था ?
  • अखिल भारतीय किसान सभा के प्रथम अध्यक्ष कौन थे ?
  • कौटिल्य कहाँ का ब्राह्मण था ?
  • सल्तनत काल में सदका एक प्रकार का कौनसा कर था ?
  • तेभाग आंदोलन कहाँ पर सक्रीय था ?

इन प्रश्नो के उत्तर यहाँ देखे 

सिवनी जिले का इतिहास

सिवनी जिले के नामकरण के सम्बन्ध में जिले में अनेक दन्तकथाय प्रचलित है। इतिहास के पृष्ठों में यह जिला मंडला के गौड़ राजाओ के 52 गड़ो में से एक महत्वपूर्ण स्थल रहा है। नगर मुख्यालय में तीन गढ़ चावड़ी ,छपरा और आदेगांव प्रमुख थे। गौड़ राजाओ के पतन के पश्चात सन 1700 ई में नागपुर के भोसले के साम्राज्य के अधीन आ गया। सत्ता का केंद्र छपारा ही था। सन 1774 में छपरा से बदलकर मुख्यालय सिवनी हो गया।  इसी समय दीवानगड़ी का निर्माण हुआ और सन 1853 में मराठो के पतन एवं रघ्घुजी तृतीय की मृत्यु निःसंतान होने के कारन यह क्षेत्र ईस्ट इण्डिया कम्पनी के प्रभाव में आ गया सन 1857 की क्रांति के पश्चात कम्पनी का समस्त शासन ब्रिटिश हुकूमत के अधीन हो गया। मुख्यालय में दीवान साहब का सिवनी ग्राम ,मंगलीपेठ एवं भैरोगंज मिलकर सिवनी नगर बना। इसके बाद 1867 में सिवनी नगर पालिका का गठन हुआ। सिवनी जिले में वनोपज हर्रा ,बहेड़ा ,आंवला एवं महुआ बहुतायत में होता है। महुआ का बहुत अधिक उत्पादन होने के कारण सन 1902 में डिस्लरी का निर्माण हुआ। सन 1909 तत्काल डिप्टी कमिश्नर श्लोक ने रेलवे लाइन का विचार किया। सन 1904 में बंगाल नागपुर नैरोगेज रेलवे का आगमन हुआ। सन 1938 में बिजली घर के निर्माण ने नगर में एक नए युग का सूत्रपात किया। नगर की गलिया और घर बिजली की रौशनी से जगमगा उठे। सं 1939 से 1945 के मध्य द्वितीय विश्व युद्ध ने अंग्रेज साम्राज्य की जड़े हिला दी। नागपुर से जबलपुर एन. एच. 7 के मध्य सिवनी ना केवल प्रमुख व्यापारिक केंद्र था बल्कि जंगल अधिक होने के कारन अंग्रेजो के लिए सुरक्षित स्थान भी था। स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के अमर बलिदान से 15 अगस्त 1947 को हमारा देश स्वतंत्र हुआ। सिवनी जिला सन 1956 में जिला बनने पर प्रथम कलेक्टर श्री ए. एस. खान पदस्थ हुए। वर्तमान में अनेक उतार चढ़ाव देखने के पश्चात भी इस जिले में अपनी विकास यात्रा जारी रखी है। जिले में अनेक सपूतो ने अपनी यशगाथा प्रदेश और देश में फैलाई है। सिवनी का नामकरण यहाँ बहुतायत मात्रा में पाय जाने वाले सिओन नामक वृक्ष से पड़ा है। उल्लेखनीय है की सिओन की लकड़ी से ढोलक बनाने  काम में आती है। एक और अन्य मान्यता के अनुसार सिवनी जिले का नाम सोना रानी के नाम पर सिवनी हुआ है।

सिवनी जिले की भौगोलिक स्थिति

  • अक्षांशीय विस्तार – 22 ’08 ” ( उत्तरी अक्षांश )
  • देशांतरीय विस्तार – 79 ’53 ” ( पूर्वी देशांतर )
  • पूर्व में – मंडला / बालाघाट
  • पश्चिम में – छिंदवाड़ा
  • उत्तर में – जबलपुर / नरसिहपुर
  • दक्षिण में – महाराष्ट्र (सीमा )
  • संभाग – जबलपुर
  • पिनकोड – 480661
  • वाहन क्रमांक – MP 22
  • दूरभाष – 07692

सिवनी जिले की जनगणना

  • कुल क्षेत्रफल – 8758 वर्ग किमी.
  • कुल जनसँख्या – 1379131 (महिला – 695879 , पुरुष – 683252 )
  • अनुसूचित जाति  जनसँख्या – 130797 ( महिला – 63937 , पुरुष – 66830 )
  • अनुसूचित जनजाति जनसँख्या – 519856 ( महिला – 261735 , पुरुष – 258121 )
  • समुद्रतल से उचाई – 611 मीटर
  • लिंगानुपात – 982 प्रति 1000
  • साक्षरता – 72 . 2 %
  • जनसँख्या घनत्व – 157 व्यक्ति प्रति वर्ग किमी.

सिवनी जिले की वर्तमान प्रशासन व्यवस्था

  • सांसद – श्री बोधसिंह भगत
  • विधायक – श्री दिनेश राय मुनमुन
  • नगरपालिका अध्यक्ष -श्रीमती आरती शुक्ला
  • कलेक्टर – श्री गोपाल चंद्र डाड
  • पुलिस अधीक्षक – श्री तरुण नायक
  • तहसीलें – 8 ( सिवनी , कुरई ,बरघाट , केवलारी ,लखनादौन ,घंसौर ,छपारा , धनोरा )

सिवनी जिले में प्राकृतिक संसाधन

  1. जल संसाधन – सिवनी जिले में बेनगंगा नदी का उद्गम स्थल है ,जिसका नाम मुंडारा ग्राम है। सिवनी जिले में एशिया का सबसे बड़ा मिट्टी से निर्मित बाँध है ,यह बाँध भीमगढ़ बाँध के नाम से सुप्रसिद्ध है। जिले में शहर के बीचो बीच प्रसिद्द तलाव है जिसका नाम दलसागर तलाव है यह तलाव शहर की खूबसूरती में चारचांद लगा देता है।
  2. खनिज – संगमरमर
  3. राष्ट्रीय उद्यान – पेंच घाटी यहाँ पर स्थित पेंच राष्ट्रीय उद्द्यान टाइगर प्रोजेक्ट के अंतर्गत सम्मिलित है। पेंच का नाम इंदिरा प्रियदर्शनी उद्यान है। पेंच राष्ट्रीय उद्यान में मोगली लैंड बनाया गया है। पेंच से एन एच 7  नेशनल हाइवे गुजरता है।
  4. कृषि – कालीमूछ चावल एवं मावबाटी के लिए लखनादौन प्रसिद्ध है।
  5. उद्द्योग -मिनरल पॉवर प्लांट

सिवनी जिले के पर्यटन

  • दिगंबर जैन मंदिर।
  • सोना रानी महल , भीमगढ़ संजय सरोवर बाँध।
  • पेंच टाइगर रिजर्ब ,दल सागर तालाब।
  • बेनगंगा नदी उद्गम स्थल।
  • पायली रेस्ट हॉउस घंसौर।
  • अमोदागढ़ ( मोगली का जन्म स्थली )
  • यहाँ पर भैरोनाथ का मेला लगता है।
  • मातृधाम , गुरुधाम ( दिघौरी )
  • शहीद स्मारक स्थल टुरिया।

अन्य बाते

सिवनी को मध्यप्रदेश का लखनऊ कहा जाता है। रूटयार्ड किपलिंग एवं कैप्टिन फोरसिथ की पेंच कर्मस्थली रही है।

सिचाई लाभ देने वाली परियोजना

  1. बरगी ( रानी अवंतीबाई सागर )
  2. अपन बैनगंगा ( संजय सरोवर )

पिछले प्रश्नो के उत्तर

  • कोयला की खानो से कौनसी गैस निकलती है ?
  • उत्तर :- मिथेन गैस
  • प्रयोगशाला में यूरिया का निर्माण किसने किया था ?
  • उत्तर :- वोल्हर ने
  • सबसे हलकी गैस कौनसी है ?
  • उत्तर :- हाइड्रोजन
  • एशिया का सबसे बड़ा फल प्रसंस्करण कारखाना कहा है ?
  • उत्तर :- परवानू में
  • सरदार सरोवर परियोजना कहा है ?
  • उत्तर :- गुजरात राज्य में।

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