भारत कच्चे इस्पात का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक बना

हमारा देश बहुत तेजी से आगे बढ़  रहा  लगभग हर क्षेत्र में हम तरक्की कर रहे है आगे बढ़  रहे है , इसी तरह

हमारा देश ने  कच्चे इस्पात का  उत्पादन  करने में  जापान को  भी पीछे छोड़ दिया है।  …….

           स्टील यूजर्स फेडरेशन  आफ इंडिया (सूफी ) के अनुसार भारत कच्चे इस्पात उत्पादन में चीन के बाद दूसरे नंबर पर पहुच गया है।  जापान को पीछे  छोड़कर भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा कच्चा इस्पात उत्पादक हो गया है।  फिलहाल चीन कच्चे इस्पात उत्पादन में पहले स्थान पर है।

(वर्ल्ड स्टील एसोसिएशन के अनुसार ,भारत ने फ़रवरी 2018  में  84  लाख टन कच्चे स्टील का उत्पादन किया है)

कुल वैष्विक उत्पादन में चीन की हिस्सेदारी 50  % से अधिक है।  भारत  का कच्चा इस्पात उत्पादन अप्रेल ,2017  से फ़रवरी 2018  के दौरान इससे पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 4. 4 % बढ़कर 9. 31 करोड़ टन  पर पहुंच गया।  इसी वजह से भारत कच्चे इस्पात उत्पादन में जापान को पीछे  कर सका है।  भारत 2015  में अमेरिका को पछाड़कर तीसरा सबसे  बड़ा कच्चा इस्पात उत्पादक बना है

      कुछ  महत्वपूर्ण प्रश्न। …

आज  हम जानेंगे भारत में लगे उद्द्योग   के बारे में  उद्द्योग   जगत की महत्वपूर्ण जानकारी। ……

  • देश में पहला लौह इस्पात कारखाना 1874  ई  में कुल्टी ( प बंगाल ) में बंगाल आयरन वर्क्स के रूप में स्थापित किया गया।
  • बड़े पैमाने पर पहला लौह  इस्पात कारखाना (TISCO) की स्थापना 1907  में जमशेदजी टाटा द्वारा साकची ( झारखंड ) में स्वर्ण रेखा नदी की घाटी में किया गया।
  • भिलाई इस्पात संयंत्र की स्थापना 1955  ई  में तत्कालीन मध्य प्रदेश ( वर्तमान – छत्तीसगढ़ ) के भिलाई ( दुर्ग जिला ) में पूर्व सोवियत संघ की सहायता से की गयी थी।
  • हिन्दुस्तान स्टील लिमिटेड  ( राउरकेला , ओडिशा ) की स्थापना 1953  में पश्चिमी जर्मनी की सहायता से की गयी थी।
  • हिन्दुस्तान स्टील लिमिटेड ( दुर्गापुर , प.बंगाल ) की स्थापना 1956 में ब्रिटेन की सहायता से की गई थी।
  • भिलाई ,दुर्गापुर तथा राउरकेला के कारखानों की स्थापना द्वितीय पंचवर्षीय योजना काल  ( 1956 -61 ) में हुई थी।
  • बोकारो स्टील प्लांट की स्थापना 1968 ई  मे तत्कालीन बिहार ( अब-झारखंड ) के बोकारो में पूर्व सोवियत संघ की सहायता से त्रतीय पंचवर्षीय योजना काल में की गयी थी।
  • भारत में सूती वस्त्र उद्द्योग का पहला कारखाना 1818 में फोर्ट ग्लॉस्टर (कोलकाता ) में खुला।
  • स्टील ऑथोरिटी  आफ इंडिया (SAIL) की स्थापना 24  जनवरी , 1973 में की गई।
  • भारत में पहला सीमेंट कारखाना मद्रास में 1904 ई  में लगाया गया , जो असफल रहा।
  • सार्वजनिक  क्षेत्र का पहला उर्वरक कारखाना सिंदरी ( झारखंड ) में 1951  में शुरू हुआ।
  • नेपानगर अखबारी कागज के लिए प्रसिद्द है।
  • भारत में पहला तेलशोधक कारखाना असम के डिगबोई में 1901  में प्रारम्भ हुआ।
  • भारत का सबसे प्राचीन व बड़ा उद्द्योग सूती वस्त्र ( अर्थात कपडा उद्द्योग ) उद्द्योग है।
  • हिन्दुस्तान मशीन टूल्स ( एच एम् टी ) की बंगलौर इकाई की स्थापना स्विट्जरलैंड के सहयोग से 1953  ई  में बंगलौर में हुई थी।
  • कपास को सफ़ेद सोना कहा जाता है।
  • जूट को सोने का रेशा कहते है।
  • मुंबई को सूती वस्त्रो की राजधानी , अहमदावाद को भारत का बोस्टन , कानपुर को उत्तर भारत का मैनचेस्टर , तथा कोयंबटूर को दक्षिण भारत का मैनचेस्टर कहा  जाता है।
  •  भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड ( BHEL) की स्थापना 1964 ई  में हुई थी।
  • तेल और प्राकृतिक गैस निगम ( ONGC) की स्थापना 14  अगस्त 1956  को हुई।
  • एशिया का बड़ा उर्वरक संयंत्र सिंदरी में है।

ये थे आज के महत्व पूर्ण प्रश्न तथा उनके उत्तर दोस्तों कमेंट करके जरूर बताय आपको यह पोस्ट  कैसी  लगी और आप किस तरह  जानकारी  चाहते है कृपया  कमेंट करके जरूर बताय और अगर आपको ब्लॉग पोस्ट में कुछ गलतिया मिले तो भी आप जरूर बताय  .. आपका  Feedback  मेरे लिए बहुत जरुरी है। ……

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